नई दिल्ली 18 मार्चः आज कांग्रेस महाअधिवेशन का समापन हो गया। कांग्रेस अध्यक्ष के रूप मे राहुल गांधी ने अपना भाषण दिया। राहुल के भाषण की कुछ बात पर ध्यान किया जाए, तो उनका पार्टी की रूपरेखा को लेकर विजन साफ नजर आता है।
सबसे पहले राहुल ने यह दोहरा दिया कि वो संगठन मे बड़ा बदलाव करने जा रहे हैं। इस बात से सीनियर नेताओ को परेशान नहीं होना चाहिये।
राहुल का इशारा बड़े नेताओ की ओर था, जो पद पर है, लेकिन संगठन मे युवाओ के प्रवेश मे रोड़ा बने हैं।
राहुल ने साफ संदेश दिया कि यह मंच उन कार्यकर्ताओ के लिये बनाया गया है, तो सालो से अपनी सेवाएं कांग्रेस को दे रहे हैं। राहुल ने कहा कि वो उस दीवार को तोड़ना चाहते हैं, जो हमारे बीच है।
राहुल ने एक और इशारा किया। उन्होने कहा कि आज से 70 साल पहले कांग्रेस मे नेहरू, महात्मागांधी, सरदार पटेल जैसे नेता थे। इन सबके अंदर देश चलाने की क्षमता थी।
आज वो उन नेताओ जैसे युवाओ को पार्टी मे तरजीह देना चाहते हैं, ताकि नयी सोच पार्टी से जुड़ सके। राहुल गांधी ने यह भी साफ किया कि वो नरेन्द्र मोदी की तरह युवाओ को केवल भाषण मे प्रयोग नहीं करना चाहते।
राहुल के सपने मे ऐसी कांग्रेस है, जिसमे सोच और देश को आगे ले जाने की क्षमता हो। यानि अब कांग्रेस पूरी तरह से राहुल युग की होगी।
कांग्रेस पांडवों और बीजेपी कौरवों की तरह
दिल्ली में आयोजित महाधिवेशन में राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस पांडवों की तरह है, जो सच्चाई के लिए लड़ती है. बीजेपी और आरएसएस कौरवों की तरह है जो सिर्फ सत्ता के लिए लड़ते हैं. उन्होंने कहा कि कौरवों की तरह बीजेपी सत्ता के नशे में चूर है. उन्होंने कहा कि बीजेपी एक संगठन की आवाज है और कांग्रेस पूरे देश की आवाज है.
कांग्रेसियों ने जान दी, आरएसएस वाले माफी मांगते रहे
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, ‘लाखों कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने देश के लिए अपनी जान दी है. इस देश में एक भी ऐसा राज्य नहीं है, जिसमें कांग्रेसियों ने अपनी जान नहीं दी हो. कांग्रेसी नेता अंग्रेजों के समय में जेल गए थे, लेकिन इनके सावरकर चिट्ठी लिखकर भीख मांग रहे थे. मैं खुश होकर नहीं कहता कि हमारी सरकार के आखिरी समय में हम जनता की उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे, जनता की उम्मीदों के हिसाब से नहीं चले.’
अर्थव्यवस्था का विकास तो बेरोजगारी क्यों?
राहुल ने कहा, ‘आज भ्रष्टाचारी ताकत में हैं. हम दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था है. लेकिन दूसरी ओर करोड़ों युवाओं के पास रोजगार नहीं है. हर जगह लोग कह रहे हैं कि देश का विकास हो रहा है, लेकिन जब देश में घूमता हूं, किसी नौजवान से पूछता हूं क्या करते हो, वह कहता है कुछ नहीं. ये आज के हिंदुस्तान की सच्चाई है. हर जगह मेड इन चाइना उत्पाद मिलता है.’
राहुल ने कहा, ‘गुजरात के चुनाव में लोगों ने कहा कि मैं मंदिर में जाता हूं. लेकिन मैं बहुत पहले से ही सिर्फ मंदिर में नहीं, मस्जिद, चर्च और गुरुद्वारे में भी जाता हूं. मेरी 34 साल की उम्र थी, राजनीति में आया. सिंधिया जी थे, पायलट जी थे, कमलनाथ जी थे. बहुत कुछ सीखने को मिलता है.’
