“सपा के कद्दावर नेता स्वामी प्रसाद मौर्य के बिगड़े बोल सामने आए हैं। कासगंज में उन्होंने कारसेवकों पर हुए गोलीकांड को सही ठहराया है। उन्होंने कहा कि तत्कालीन सरकार ने अमन चैन के लिए कारसेवकों पर गोली चलवाई थी।
गाजियाबाद: सपा नेता स्वामी प्रसाद मौर्य के बयान पर कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा, “समाजवादी पार्टी और स्वामी प्रसाद मौर्य की कहानी विक्रम बेताल जैसी है। अखिलेश यादव के ऊपर स्वामी प्रसाद मौर्य का भूत चढ़ गया है… वे स्वामी प्रसाद मौर्य से डरते हैं, वे जानते हैं कि स्वामी प्रसाद मौर्य भाजपा के व्यक्ति है, उनके बयानों से उनकी पार्टी का बेड़ा गर्क होगा और वे जानते हैं कि अगर स्वामी प्रसाद मौर्य ऐसे ही बयान देते रहे तो उत्तर प्रदेश में भाजपा को आने से कोई नहीं रोक सकता फिर भी पता नहीं क्या मजबूरी है..”
पटना: पश्चिम बंगाल CM ममता बनर्जी के राम मंदिर वाले बयान पर केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय ने कहा, “सिर्फ ममता बनर्जी ही नहीं बल्कि पूरा घमंडिया गठबंधन घबराया हुआ है क्योंकि इनलोगों की नीतियों में सनातन का विरोध कर तुष्टिकरण की नीति से वोट को इकट्ठा करने की इनकी तैयारी रहती थी… अब ऐसे लोगों की दुकान बंद होने वाली है, उनकी राजनीति समाप्त होने वाली है… मंदिर से भाजपा क्यों राजनीति करेगी? यह भाजपा का कार्यक्रम नहीं राम जन्मभूमि ट्रस्ट का कार्यक्रम है…”
पणजी: 4 साल के बच्चे की कथित तौर पर उसकी मां द्वारा हत्या पर गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा, “जिस समय पुलिस को उस पर शक हुआ तभी पुलिस ने तुरंत कर्नाटक पुलिस से बात करके उस महिला को गिरफ्तार किया है। बाकी की जांच जारी है। गोवा पुलिस हमेशा केस के अंत तक पहुंचती है
पुणे: शिवसेना विधायक अयोग्यता मामले में फैसला सुनाए जाने पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने कहा, “स्पीकर को इस मामले पर कुछ सप्ताह पहले ही निर्णय ले लेना चाहिए था, लेकिन राजनीतिक विचार-विमर्श के कारण निर्णय में देरी हुई… भाजपा का शीर्ष नेतृत्व इस अवसर का उपयोग महाराष्ट्र में नेतृत्व परिवर्तन को प्रभावित करने के लिए करेगा… यह भाजपा के लिए यह तय करने का समय है कि उनके लोकसभा अभियान का नेतृत्व कौन करेगा… कानूनी स्थिति बिल्कुल स्पष्ट है। एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के 16 विधायकों द्वारा संविधान की 10वीं अनुसूची का उल्लंघन किया गया है और उन्हें अयोग्य घोषित किया जाना चाहिए…”
