सत्य, अहिंसा, न्याय और धर्म की रक्षा के लिए शहीद हो गए इमाम हुसैन ! –
झाँसी-अंग्रेज़ी कैलंडर वर्ष हो या अन्य दूसरे पंथों के वार्षिक कैलंडर की बात, सभी का प्रारम्भ विश्व में हर्षोल्लास से होता है, लेकिन इसे “इस्लाम धर्म” की बदक़िस्मती कहा जाएगा कि इस्लामी वर्ष हिजरी संवत का प्रथम मास “मोहर्रम” अपने आगमन के साथ झूठ, मक्कारी, व्यभिचार, भ्रष्टाचार, दुष्ट विचारधारा, अत्याचार, क्रूरता, अन्याय और अधर्म के…
