कोंच (जालौन)। सरकार कितने भी बड़े बड़े दावे कर ले लेकिन स्थानीय जिम्मेदार अधिकारी सरकार के आदेशों का पलीता लगा रहे है।प्रचण्ड गर्मी अपना पूरा तेबर दिखा रही है तपती धूप व लू के थपेड़ों से आम जनमानस बेचैन हो उठा है। वहीं गर्मी के मौसम में आम जनमानस व्याप्त पेयजल संकट की दोहरी मार झेल रहा है लेकिन स्थानीय अधिकारीगण चैन की नींद सोने में लगे
हुये है। गर्मी के मौसम में तहसील क्षेत्र के लगभग सभी ग्रामों में पेयजल संकट गहराता जा रहा है और दबंगों ने सरकारी हेण्डपम्पो में निजी समर डालकर कब्जा किये हुए है।तहसील क्षेत्र के अन्तर्गत आने वाले ग्राम गंथरा में पूर्व प्रधान सहित कई लोग सरकारी हेण्डपम्प में निजी समर डालकर हेण्डपम्प पर कब्जा किये हुए हैं लेकिन वर्तमान समय में आधा दर्जन हैण्डपम्प खराब
पड़े हुये हैं जिसके चलते ग्रामीणों को पेयजल हेतु मजबूरन यहां-वहां
भटकना पड़ रहा है।वही तालाब भी सूखे पड़े हुए है जिससे जानबर आदि प्यास को तरस रहे है मगर ग्राम प्रधान इस ओर बिलकुल ध्यान नही दे रहे है । ग्रामीणों ने बताया कि कई मर्तवा विभागीय अधिकारियों
से लिखित एवं मौखिक शिकायत दर्ज करायी जा चुकी है इसके बाबजूद अभी तक कोई कार्यवाही अमल में नहीं लायी जा सकी है। वही गांव के विनोद खरे ने बताया हैडपम्प की शिकायत आईजी आरएस पर की थी। जिसकी जाँच हुई तो अधिकारियो द्वारा खराब हेण्डपम्प को सही दिखा कर लगत रिपोर्ट लगा दी।वही प्रधान भी इस ओर कोई ध्यान नही दे रहे है ।वही प्रधान प्रीतिनिधि ने बताया कि हेण्डपम्प ठीक कर दिए गए थे पर फिर से ख़राब हो गए है । ग्रामीणों ने कहा कि अगर खराब हैण्डपम्प दुरूस्त नही किये जा सके तो आने
बाले गर्मी के दिनों में पेयजल संकट की स्थिति और अधिक गम्भीर हो सकती है। तुलाराम रजक,रामबिहारी,भारत सिंह,ठकुरी आदि ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारियों से कार्यवाही किये जाने की मांग की है।
