कार्यालय मुख्य चिकित्सा अधिकारी झाँसी द्वारा आयुष्मान आरोग्य मंदिर के निरीक्षण से संबंधित जारी की गई प्
*मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने मुख्यमंत्री आरोग्य मेलों का किया औचक निरीक्षण*
*आरोग्य मेलों के माध्यम से अधिक से अधिक जनमानस तक पहुंचें स्वास्थ्य सेवाएं – डॉ शिशिर पुरी*
*रिकॉर्ड कीपिंग, दवा प्रबंधन एवं मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के दिए निर्देश*
*झाँसी, 26 जुलाई 2026।*
जनपद में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर रविवार को आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री आरोग्य मेले के माध्यम से प्रदान की जा रही स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मुख्य चिकित्सा अधिकारी झांसी डॉ. शिशिर पुरी ने विकासखंड गुरसराय के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र टहरौली एवं विकासखंड चिरगांव के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र धमनाखुर्द का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं, मरीजों के पंजीकरण, औषधि भंडारण, साफ-सफाई तथा अभिलेखों का गहनता से परीक्षण किया गया और आवश्यक सुधारात्मक निर्देश दिए गए।
सीएमओ ने सबसे पहले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र टहरौली का निरीक्षण किया। इस दौरान प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. के.एल. पाल सहित नवनीत खरे, दुष्यन्त कुमार, अरविन्द कुमार एवं संदीप कुमार उपस्थित मिले। निरीक्षण के समय तक ओपीडी में मात्र 08 मरीज पंजीकृत थे। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने पाया कि अधिकांश मरीजों के मोबाइल नंबर पंजीकरण रजिस्टर में अंकित नहीं थे तथा लैब में अपेक्षाकृत कम जांच की जा रही थी। इस पर संबंधित कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए भविष्य में सभी अभिलेख पूर्ण एवं अद्यतन रखने के निर्देश दिए गए।
तत्पश्चात प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र धमना के निरीक्षण के दौरान प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. बृजेन्द्र पाल सिंह, फार्मासिस्ट मनोज कुमार सचान, स्टाफ नर्स विमल कुमार तिवारी, एएनएम कु. रागिनी दांगी, वार्ड बॉय देवसिंह निरंजन एवं स्वीपर पूरन लाल उपस्थित पाए गए। यहां निरीक्षण के समय तक 21 मरीज पंजीकृत थे। अधिकांश मरीजों के मोबाइल नंबर दर्ज न होने पर संबंधित कर्मचारी को चेतावनी दी गई। साथ ही ओपीडी रजिस्टर में मरीजों को वितरित की गई दवाइयों एवं गोलियों की संख्या अंकित न पाए जाने पर भविष्य में प्रत्येक मरीज का विवरण पूर्ण रूप से दर्ज करने के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान दोनों स्वास्थ्य केन्द्रों पर प्रभारी चिकित्सा अधिकारियों को बिना एप्रन के मरीजों का उपचार करते पाए जाने पर सीएमओ ने निर्देश दिए कि चिकित्सकीय सेवाएं प्रदान करते समय निर्धारित ड्रेस कोड एवं एप्रन का अनिवार्य रूप से पालन किया जाए।औषधि भंडार कक्ष के निरीक्षण के दौरान दैनिक औषधि खपत रजिस्टर (डेली कंजम्प्शन रजिस्टर), डेली इंडेंट रजिस्टर एवं दवाइयों की लेबलिंग को अद्यतन रखने तथा प्रत्येक दवा पर एक्सपायरी तिथि स्पष्ट रूप से अंकित करने के निर्देश दिए गए। जनरल वार्ड को व्यवस्थित रखने तथा आवश्यक जीवनरक्षक दवाओं एवं वायल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए फार्मासिस्टों को निर्देशित किया गया। विशेष रूप से एआरवी एवं एएसवी वायल की उपलब्धता निर्धारित मानक के अनुरूप सुनिश्चित करने हेतु सीएमएसडी स्टोर से आवश्यक मात्रा में दवाएं प्राप्त करने के निर्देश दिए।साथ ही आशा कार्यकर्ताओं की बैठक आयोजित कर उन्हें अधिक से अधिक मरीजों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तक लाने एवं स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने के लिए प्रेरित किया जाए। उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चिरगांव के अधीक्षक से दूरभाष पर वार्ता कर निर्देश दिए कि आरोग्य मेलों में एएनएम द्वारा किशोरियों का एचपीवी वैक्सीनेशन कराया जाए।
निरीक्षण के दौरान दोनों स्वास्थ्य केन्द्रों में साफ-सफाई की व्यवस्था संतोषजनक पाई गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने निर्देश दिए कि परिसर की स्वच्छता, अभिलेखों को नियमित अद्यतन किए जाने, दवा प्रबंधन तथा मरीजों को गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
